Aadiwasi Shaurya Evam Vidroh/आदिवासी शौर्य एवं विद्रोह

Rs.55/-

Isbn: 81-8235-033-6

Writer: Ramnika Gupta/रमणिका गुप्ता

Year: 2003/2004

" आदिवासी समाज आर्य वर्ण व्यवस्था में नहीं आता। आर्यों के दस्तावेज़ों से यह जाहिर होता है कि उन्होंने पराजित आदिवासी शौर्य गाथाओं को जानबूझ कर दबाया ही नहीं बल्कि गलत ढंग से पेश कर आदिवासी शौर्य को अपमानित भी किया। लोक साहित्य में आदिवासी वीरों, वीरांगनाओं और उनके शौर्य एवं विद्रोह की अनेकों गाथाएँ बिखरी पड़ी हैं, जरूरत हैं उन्हें चुनने की। इस पुस्तक में आदिवासी विद्रोह और उन वीरांगनाओं एवं वीरों की कथा दर्ज़ है, जो झारखण्ड, महाराष्ट्र, बस्तर, आन्ध्र प्रदेश तथा कई अन्य राज्यों में अंग्रेजों से टक्कर लेते हुए शहीद हो गए। अंग्रेजों द्वारा जिन आदिवासी समूहों को आदतन अपराधी घोषित कर दिया गया था, उनकी कष्ट प्रद गाथा भी इसमें दर्ज हैं। यह पुस्तक अभी तक विस्मृति आदिवासी इतिहास में खिड़की खोलती है। "